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Saturday, 20 February 2016

एक सुच छुपा होता है

एक सुच छुपा होता है जब
एक सच छुपा होता है -:
जब कोई किसी को कहता है कि
"मजाक था यार।"
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एक संवेदना छुपी होती है -:
जब कोई कहता है कि
"मुझे कोई फर्क नही पड़ता।"
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एक दर्द छुपा होता है-:
जब कोई कहता है
"इट्स ओके।"
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एक जरूरत छुपी होती है -:
जब कोई कहता है
"मुझे अकेला छोड़ दो।"
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एक गहरी बात छुपी होती है-:
जब कोई कहता है
"पता नही।"
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एक ‪#‎समंदर‬ छुपा होता है
बातों का -:

"जब कोई खामोश रहता है। जीते रहने की सज़ा दे ज़िन्दगी ए ज़िन्दगी,
अब तो मरने की दुआ दे ज़िन्दगी ए ज़िन्दगी !
मैं तो अब उकता गया हूँ क्या यही है कायनात,
बस ये आईना हटा दे ज़िन्दगी ए ज़िन्दगी !
ढूँढने निकला था तुझको और ख़ुद को खो दिया,
तू ही अब मेरा पता दे ज़िन्दगी ए ज़िन्दगी !
या मुझे एहसास की इस क़ैद से कर दे रिहा,
वरना दीवाना बना दे ज़िन्दगी ए ज़िन्दगी !

मैंने
खुद को बदला है
दूसरों के खातिर....
चाहता नहीं हूँ
कोई बदल जाए
मेरे खातिर ....
जब खुद
ठोकर खायेगे....
खुद-ब-खुद बदल
जाएगे....
और
एक दिन ज़िन्दगी की
‪#‎हकीकत‬ खुद समझ जाएगे...